Budget 2026 के बाद भारत में Crypto Tax Policy एक बार फिर चर्चा के केंद्र में है। वजह साफ़ है, कई निवेशकों का मानना है कि मौजूदा टैक्स नियम क्रिप्टो ट्रेडिंग को मुश्किल बना रहे हैं और इसका असर सीधे यूज़र्स के फैसलों पर पड़ रहा है।
इसी बीच KoinX की Crypto Tax Insights Report FY 2024–25 सामने आई है। यह रिपोर्ट ₹70,000+ Cr के ट्रेडिंग डेटा पर आधारित है और यह दिखाती है कि बीते वित्त वर्ष में भारतीय क्रिप्टो यूज़र्स ने कैसे ट्रेड किया, कितना टैक्स चुकाया और टैक्स नियमों ने उनके व्यवहार को किस तरह प्रभावित किया।
FY 2024–25 में भारतीय क्रिप्टो यूज़र्स ने कुल ₹2,861 Cr का प्रॉफिट कमाया। 30% Tax के हिसाब से इस पर करीब ₹858 करोड़ का टैक्स बनता है।
लेकिन समस्या यहीं खत्म नहीं होती। मौजूदा नियमों के तहत क्रिप्टो में हुए नुकसान को प्रॉफिट के साथ एडजस्ट करने की इजाज़त नहीं है। इसका नतीजा यह हुआ कि:
कुल Tax देनदारी बढ़कर करीब ₹1,170 Cr तक पहुंच गई
जबकि ₹2,039 Cr के नुकसान पर कोई Tax राहत नहीं मिली
रिपोर्ट यह भी बताती है कि हर 5 में से 1 ट्रेडर ने Futures Trading ट्राय की। यहां जोखिम और भी ज़्यादा दिखा कुल नुकसान ₹2,742 करोड़ रहा, जो प्रॉफिट ₹2,492 करोड़ से भी ज्यादा था।
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FY 2024-25 में देशभर में कुल Crypto TDS Collection ₹511.83 करोड़ रही। इसमें से ₹130+ करोड़ सिर्फ़ KoinX यूज़र्स ने चुकाया, जो कुल कलेक्शन का 25% से ज्यादा है।
हालांकि, KoinX की रिपोर्ट में सिस्टम की एक कमजोरी भी सामने आई। करीब ₹38.52 करोड़ का TDS ज़रूरत से ज़्यादा कट गया, जिसे बाद में यूज़र्स को रिफंड करना पड़ा। इससे साफ़ होता है कि मौजूदा TDS सिस्टम यूज़र्स के कैश फ्लो को प्रभावित कर रहा है।
एक दिलचस्प ट्रेंड यह भी है कि क्रिप्टो इनकम अब सिर्फ़ ट्रेडिंग तक सीमित नहीं रही। रिपोर्ट के मुताबिक, यूज़र्स ने करीब ₹208 करोड़ की कमाई बिना ट्रेडिंग के की, जो Airdrops, Staking और Rewards से आई।
KoinX रिपोर्ट के अनुसार, भारत की लगभग 72% क्रिप्टो ट्रेडिंग, जिसकी वैल्यू करीब ₹51,252 करोड़ है, अब ऑफशोर एक्सचेंजेस पर हो रही है। यानी डोमेस्टिक प्लेटफॉर्म्स पर अब सिर्फ़ एक छोटा हिस्सा ही बचा है।
इस बदलाव की सबसे बड़ी वजह मानी जा रही है भारत का सख्त टैक्स स्ट्रक्चर जिसमें हर प्रॉफिट पर 30% फ्लैट टैक्स और हर ट्रांज़ैक्शन पर 1% TDS देना जरुरी होता है।
बार-बार ट्रेड करने वाले निवेशकों के लिए यह सिस्टम न सिर्फ़ महंगा पड़ता है, बल्कि उनके कैश फ्लो पर भी दबाव डालता है। यही कारण है कि कई यूज़र्स कम टैक्स फ्रिक्शन वाले प्लेटफॉर्म्स की ओर रुख कर रहे हैं।
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KoinX की Crypto Tax Insights Report FY 2024-25 यह साफ़ दिखाती है कि भारत में क्रिप्टो को लेकर रुचि मजबूत है, लेकिन मौजूदा टैक्स सिस्टम कई निवेशकों को डोमेस्टिक प्लेटफॉर्म्स से दूर कर रहा है।
Crypto Industry को उम्मीद है कि Union Budget 2026 में कुछ व्यावहारिक बदलाव की उम्मीद की जा रही थी, जैसे TDS में कटौती, लॉस को सेट-ऑफ करने की अनुमति और ज़्यादा स्पष्ट नियम।
लेकिन ऐसा नहीं हो हुआ। इसके विपरीत भारत में सर्विस प्रोवाइड कर रहे Crypto Exchanges पर Daily Penalties का नियम लागू कर दिया गया है। जो KoinX की रिपोर्ट में पेश की गयी तस्वीर को आने वाले दिनों में और भी भयानक बना सकता है।
Disclaimer: यह आर्टिकल एजुकेशनल पर्पस से लिखा गया है। क्रिप्टो मार्केट वोलेटाइल है, किसी भी इन्वेस्टमेंट से पहले अपनी रिसर्च जरुर करें।
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