भारत - 18 मार्च 2026: भारत के अग्रणी क्रिप्टो निवेश और ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म CoinSwitch ने ‘DigiVault’ नाम से एक नया क्रिप्टो कस्टडी (सुरक्षित स्टोरेज) समाधान लॉन्च किया है। यह खासतौर पर हाई-नेट-वर्थ इंडिविजुअल्स (HNIs), फैमिली ऑफिस, संस्थानों और Web3 कंपनियों के लिए तैयार किया गया है, ताकि वे अगली पीढ़ी के डिजिटल एप्लिकेशन विकसित कर सकें।
भारत में क्रिप्टो का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है और यह अब केवल रिटेल निवेशकों तक सीमित नहीं है। टोकनाइजेशन जैसे नए उपयोग के मामले भी तेजी से सामने आ रहे हैं। इसके बावजूद, देश में स्थानीय जरूरतों के अनुरूप मजबूत कस्टडी इंफ्रास्ट्रक्चर की कमी महसूस की जा रही थी। DigiVault इसी अंतर को भरने के उद्देश्य से लॉन्च किया गया है, जो वैश्विक स्तर की सुरक्षा, भारतीय नियमों के अनुरूप संचालन और एंटरप्राइज-ग्रेड सुविधाएं प्रदान करता है।
CoinSwitch के को-फाउंडर आशिष सिंघल ने कहा, “पिछले 12–18 महीनों में भारत का क्रिप्टो बाजार काफी परिपक्व हुआ है। अब HNIs, फैमिली बिजनेस और कंपनियों की भागीदारी बढ़ रही है। नियामकीय स्पष्टता भी बेहतर हो रही है, जिससे कस्टडी की भूमिका और महत्वपूर्ण हो गई है। इसके साथ ही, टोकनाइजेशन एक बड़े अवसर के रूप में उभर रहा है। DigiVault के माध्यम से हम भारत में सुरक्षित और जिम्मेदार क्रिप्टो उपयोग के लिए मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर रहे हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “यह समाधान शुरुआत में हमारी आंतरिक जरूरतों के लिए विकसित किया गया था। लेकिन HNIs और संस्थागत ग्राहकों की बढ़ती मांग को देखते हुए अब इसे व्यापक रूप से उपलब्ध कराया जा रहा है।”
DigiVault को भारत की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है, ताकि यह भारतीय नियमों का पालन करते हुए अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों पर भी खरा उतरे।
DigiVault ने डिजिटल एसेट सुरक्षा क्षेत्र की वैश्विक कंपनी Fireblocks के साथ साझेदारी की है। Fireblocks ने 150 से अधिक ब्लॉकचेन पर 10 ट्रिलियन डॉलर से ज्यादा के ट्रांजैक्शन सुरक्षित किए हैं और यह उन्नत MPC (मल्टी-पार्टी कंप्यूटेशन) तकनीक का उपयोग करता है, जिससे सुरक्षा और मजबूत होती है।
व्यक्तिगत निवेशकों और HNIs के लिए DigiVault सुरक्षित स्टोरेज और नियंत्रित निकासी की सुविधा प्रदान करता है। वहीं कंपनियों और संस्थानों के लिए यह ट्रेजरी मैनेजमेंट, मल्टी-लेवल अप्रूवल और ऑडिट-रेडी सिस्टम जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराता है।
Web3 डेवलपर्स के लिए यह सुरक्षित वॉलेट और API प्रदान करता है, जिससे वे तेज और सुरक्षित तरीके से अपने प्रोडक्ट विकसित कर सकते हैं। साथ ही, 24x7 लोकल सपोर्ट भी उपलब्ध है।
टोकनाइजेशन की बढ़ती मांग को देखते हुए DigiVault एक ही प्लेटफॉर्म पर एसेट ऑनबोर्डिंग, टोकन निर्माण, वितरण और प्रबंधन की सुविधा देता है, जिससे प्रक्रिया सरल और सुरक्षित बनती है।
DigiVault पूरी तरह से नियामकीय आवश्यकताओं के अनुरूप काम करता है और FIU-IND तथा PMLA के दिशा-निर्देशों का पालन करता है। इसमें मजबूत KYC, AML, ट्रांजैक्शन मॉनिटरिंग और ऑडिट रिपोर्टिंग सिस्टम शामिल हैं, जो पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं।
DigiVault is a digital asset custody and infrastructure platform that enables institutions and individuals to securely build, manage, and scale blockchain operations. Part of the PeepalCo ecosystem, spanning traditional finance, including the SEBI-regulated investing platform Lemonn, and digital assets, DigiVault combines global-grade security with deep expertise in the Indian market. Built on CoinSwitch’s proven infrastructure, it supports a wide range of digital assets, backed by robust, institutional-grade security and operational safeguards.
For more information visit: https://digivault.co/
Founded in 2017, CoinSwitch is India’s Largest Crypto Investing and Trading Platform and a pioneer in shaping the country’s crypto ecosystem. With over 2.5 crore users, CoinSwitch operates a regulatory-compliant platform that simplifies and enhances crypto trading for both retail and professional investors.
Backed by global investors such as a16z, Coinbase Ventures, Tiger Global, and Sequoia Capital India to the tune of $300million, CoinSwitch offers 400+ coins on its platform. CoinSwitch is ISO/IEC 270001: 2022 certified and Financial Intelligence Unit (FIU-IND) registered.
For more information, visit: www.coinswitch.co
For media queries, contact: press@coinswitch.co
Explore Our FAQs
Find quick answers to commonly asked questions and understand how things work around here.
Copyright 2026 All rights reserved