VerusCoin Ethereum Bridge Hack, क्या है मामला और कैसे हुआ Exploit
VerusCoin Ethereum Bridge Hack: CertiK ने किया Exploit का खुलासा
ब्लॉकचेन सिक्योरिटी फर्म CertiK ने पुष्टि की है कि VerusCoin (VRSC) के Ethereum Bridge पर हुए एक बड़े Exploit में करीब 7.53 मिलियन डॉलर (लगभग ₹62–63 करोड़) की अनधिकृत निकासी (Unauthorized Withdrawal) हुई है। शुरुआती जांच के मुताबिक हमलावर ने Bridge के Verification Mechanism में मौजूद एक कमजोरी का फायदा उठाकर Ethereum रिजर्व से कई डिजिटल एसेट्स निकाल लिए।
इस घटना ने एक बार फिर Cross-chain Bridges की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि पिछले कुछ महीनों में इसी Bridge पर यह दूसरी बड़ी सिक्योरिटी घटना है।

Source: X Post
VerusCoin क्या है?
VerusCoin (VRSC) एक Decentralized Blockchain Project है, जिसका अपना अलग Blockchain Network और Native Coin है। इसका उपयोग नेटवर्क पर Transactions, Security और अन्य Blockchain सेवाओं के लिए किया जाता है।
चूंकि VerusCoin और Ethereum दो अलग-अलग Blockchain हैं, इसलिए दोनों के बीच सीधे Assets भेजना संभव नहीं होता। इसी समस्या को हल करने के लिए VerusCoin ने Ethereum के साथ एक Cross-chain Bridge विकसित किया।
Ethereum Bridge क्या होता है?
इसे एक आसान उदाहरण से समझिए।
मान लीजिए आपको भारत के बैंक अकाउंट से अमेरिका के किसी बैंक अकाउंट में पैसे भेजने हैं। दोनों देशों की बैंकिंग प्रणाली अलग-अलग होती है, इसलिए बीच में एक ऐसा सिस्टम चाहिए जो सुरक्षित तरीके से पैसे ट्रांसफर कर सके।
Blockchain की दुनिया में यही काम Cross-chain Bridge करता है।
Bridge दो अलग-अलग Blockchain Networks को जोड़ता है, जिससे एक नेटवर्क का Asset दूसरे नेटवर्क पर इस्तेमाल किया जा सके। उदाहरण के लिए, यदि कोई यूजर VerusCoin Blockchain से Ethereum नेटवर्क पर Asset ले जाना चाहता है, तो Bridge पहले मूल Asset को सुरक्षित रखता है और फिर Ethereum पर उसके बराबर Token जारी करता है।
यही वजह है कि Bridge को Blockchain Ecosystem का एक महत्वपूर्ण लेकिन संवेदनशील हिस्सा माना जाता है।
आखिर इस Hack में क्या हुआ?
सामान्य परिस्थितियों में Bridge पहले यह जांचता है कि Verus Blockchain पर वास्तव में उतने Assets जमा हुए हैं या नहीं। केवल पुष्टि होने के बाद ही Ethereum Network पर बराबर मूल्य के Tokens जारी किए जाते हैं।
लेकिन इस मामले में Verification Process में ही खामी रह गई।
CertiK के अनुसार Bridge यह सुनिश्चित नहीं कर पाया कि Ethereum पर किए जा रहे Payouts वास्तव में Verus Side पर मौजूद Assets द्वारा समर्थित (Backed) थे या नहीं। इसका फायदा उठाकर हमलावर ने सिस्टम को ऐसा दिखाया मानो उसके पास वैध Cross-chain Transaction मौजूद हो, जबकि वास्तव में ऐसा नहीं था।
आसान भाषा में समझें तो यह ऐसा है जैसे किसी बैंक ने बिना पैसे जमा हुए ही किसी व्यक्ति के खाते में भुगतान कर दिया हो। सिस्टम को पहले यह जांचना चाहिए था कि पैसे वास्तव में जमा हैं या नहीं, लेकिन Verification की कमी के कारण भुगतान मंजूर हो गया।
यही कमजोरी इस पूरे Exploit की वजह बनी।
CertiK ने तकनीकी जांच में क्या पाया?
CertiK की शुरुआती तकनीकी जांच के मुताबिक Bridge केवल hashReserveTransfers नाम के एक Hash की जांच कर रहा था।
हमलावर ने एक छोटे और वैध Cross-chain Transaction की कुछ जानकारी का इस्तेमाल करके एक नया Transaction तैयार किया। Bridge ने बाकी जरूरी जानकारियों की पूरी पुष्टि करने के बजाय केवल Hash Matching के आधार पर Transaction को स्वीकार कर लिया।
इसके बाद Ethereum रिजर्व से बिना वास्तविक बैकिंग के करोड़ों रुपये मूल्य के Assets रिलीज़ हो गए।
हालांकि, घटना की जांच अभी जारी है और विस्तृत पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद तकनीकी जानकारी में और स्पष्टता आ सकती है।
कौन-कौन से Assets प्रभावित हुए?
CertiK के अनुसार हमलावर ने Ethereum Bridge से कई लोकप्रिय Crypto Assets निकाले, जिनमें शामिल हैं—
ETH
tBTC
USDC
USDT
EURC
MKR
scrvUSD
इन सभी Assets का कुल अनुमानित मूल्य करीब 7.53 मिलियन डॉलर बताया गया है।
Hack के बाद क्या हुआ?
घटना सामने आने के बाद CertiK, Blockaid और ExVul जैसी Blockchain Security Firms ने संदिग्ध ट्रांजैक्शनों को रियल टाइम में ट्रैक किया।
रिपोर्ट्स के अनुसार, हमलावर ने फंड निकालने के तुरंत बाद उन्हें अलग-अलग Wallets में भेजना और Mix करना शुरू कर दिया, जिससे उनकी Tracking कठिन हो गई।
यह पहली घटना नहीं है
यह पिछले लगभग दो महीनों में VerusCoin Bridge पर दूसरी बड़ी सिक्योरिटी घटना है।
मई 2026 में भी इसी तरह की कमजोरी का फायदा उठाकर करीब 11.58 मिलियन डॉलर की चोरी हुई थी। बाद में Project Team और हमलावर के बीच हुई बातचीत के बाद लगभग 75% फंड वापस मिल गया था, जबकि शेष राशि हमलावर ने Bug Bounty के रूप में अपने पास रखी थी।
लगातार दूसरी घटना Bridge की सुरक्षा व्यवस्था और Verification Mechanism पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
Crypto Investors के लिए इसका क्या मतलब है?
Cross-chain Bridges अलग-अलग Blockchain Networks के बीच Assets ट्रांसफर करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं, लेकिन उनकी जटिल संरचना उन्हें Hackers के लिए आकर्षक लक्ष्य भी बनाती है।
यदि आप किसी Bridge का उपयोग करते हैं, तो इन बातों का ध्यान रखें—
केवल प्रतिष्ठित और Security Audit वाले Bridges का इस्तेमाल करें।
बड़ी रकम ट्रांसफर करने से पहले छोटी राशि से टेस्ट करें।
किसी भी Exploit की खबर आने पर आधिकारिक अपडेट का इंतजार करें।
Project की Official Announcements और Recovery Updates पर नजर रखें।
आगे क्या?
फिलहाल Exploit की जांच जारी है। VerusCoin टीम की ओर से विस्तृत तकनीकी रिपोर्ट और संभावित फंड रिकवरी को लेकर आगे और जानकारी आने की उम्मीद है। यह एक Developing Story है और जैसे-जैसे आधिकारिक अपडेट सामने आएंगे, तस्वीर और स्पष्ट होगी।
निष्कर्ष
VerusCoin Ethereum Bridge पर हुआ यह Exploit केवल एक Project की सुरक्षा का मामला नहीं है, बल्कि यह पूरे Crypto Ecosystem के लिए एक महत्वपूर्ण सीख भी है। Cross-chain Bridges Blockchain Networks को जोड़ने का काम करते हैं, लेकिन यदि उनके Verification Mechanism में छोटी-सी भी खामी रह जाए, तो उसका फायदा उठाकर हमलावर करोड़ों डॉलर के Assets निकाल सकते हैं।
आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट और आधिकारिक प्रतिक्रिया से यह साफ होगा कि इस घटना का अंतिम प्रभाव कितना बड़ा है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे।
अस्वीकरण: यह लेख केवल सूचना और शैक्षिक उद्देश्य के लिए है। इसमें दी गई जानकारी को निवेश, वित्तीय, कर या कानूनी सलाह न समझें। क्रिप्टोकरेंसी से जुड़े किसी भी निर्णय से पहले स्वयं रिसर्च करें और आवश्यकता पड़ने पर योग्य वित्तीय सलाहकार से परामर्श लें।