AI का बढ़ता क्रेज अब इंटरनेट की दुनिया का सबसे बड़ा खतरा बन चुका है। Google Threat Analysis Group की साइबर सिक्योरिटी रिपोर्ट में एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। हैकर्स अब ChatGPT और Gemini जैसे एडवांस AI टूल्स का उपयोग करके पलक झपकते ही खतरनाक मैलवेयर कोड लिख रहे हैं। इस नए ट्रेंड ने इंडियन इंटरनेट यूजर्स, खासकर क्रिप्टो इनवेस्टर्स की चिंता बढ़ा दी है।
Source- Cloud Google
Google की थ्रेट इंटेलिजेंस टीम के मुताबिक, साइबर क्रिमिनल्स अब ट्रेडिशनल हैकिंग के तरीकों को छोड़कर AI-Powered Cyber Attacks का सहारा ले रहे हैं। पहले जिस मालवेयर या वायरस को बनाने में हैकर्स को हफ़्तों का समय लगता था, अब AI टूल्स की मदद से वे उसे कुछ ही सेकंड में तैयार कर रहे हैं। ये AI जनरेटेड वायरस इतने एडवांस हैं कि मोबाइल और कंप्यूटर के बेसिक एंटी-वायरस भी इन्हें पकड़ नहीं पाते।
रिपोर्ट के अनुसार, चीन, रूस, ईरान और उत्तर कोरिया जैसे देशों के State-Sponsored हैकर ग्रुप्स अब बड़े पैमाने पर AI का मिसयूज कर रहे हैं। उत्तर कोरिया का Lazarus Group AI की मदद से ऐसे फीशिंग ईमेल और फ्रॉड स्क्रिप्ट लिख रहा है जो बिल्कुल असली जैसी दिखती हैं। इनका मुख्य उदेश्य ग्लोबल फाइनेंशियल सिस्टम और डिजिटल वॉलेट्स को हैक करके अरबों डॉलर की चोरी करना है।
क्रिप्टोकरेंसी मार्केट इस समय हैकर्स का सबसे सॉफ्ट टारगेट है। AI के आने के बाद क्रिप्टो फ्रॉड की रफ़्तार 10 गुना बढ़ गई है। हैकर्स AI टूल्स का उपयोग करके हाई-प्रोफाइल लोगों के Deepfake Videos बना रहे हैं। यूट्यूब और फेसबुक पर Deepfake Elon Musk Crypto Scams के द्वारा लाइव वीडियो चलाकर मासूम लोगों को डबल रिटर्न का लालच दिया जा रहा है, जिससे AI के आने के बाद crypto fraud की रफ्तार 10 गुना बढ़ गई। इसके अलावा, Telegram Pump Groups Fraud के द्वारा नकली कॉइन्स को प्रमोट किया जा रहा है, जहाँ AI Bots नकली चैट्स जेनरेट करके ऐसा माहौल बनाते हैं कि यूजर जाल में फंस जाता है।
अगर आप क्रिप्टो होल्डर हैं, तो आपको इन 5 खतरनाक AI स्कैम्स से तुरंत अलर्ट हो जाना चाहिए:
Fake Airdrop Links: सोशल मीडिया पर फ्री टोकन यानी Airdrop का लालच देकर AI-जेनरेटेड लिंक्स भेजे जा रहे हैं। इन पर क्लिक करते ही पूरा वॉलेट खाली हो जाता है।
Seed Phrase Scams: हैकर्स AI चैटबॉट्स के द्वारा खुद को एक्सचेंज का कस्टमर केयर अधिकारी बताकर आपका 12-अंकों का 'Seed Phrase या Private Key चुरा रहे हैं।
Fake Exchange Apps: Google Play Store और थर्ड-पार्टी वेबसाइट्स पर असली दिखने वाले Fake Wallet Apps और नकली एक्सचेंज ऐप्स की बाढ़ आ गई है।
अपने वॉलेट का Seed Phrase कभी भी किसी डिजिटल डिवाइस, ईमेल या क्लाउड पर सेव न करें। इसे कागज पर लिखकर सुरक्षित रखें।
किसी भी अनजान Telegram ग्रुप या एयर्ड्रॉप लिंक पर क्लिक करके अपना वॉलेट Connect न करें।
टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन के लिए SMS के बजाय हमेशा Google Authenticator ऐप का उपयोग करें।
Conclusion
Google Threat Analysis Group की रिपोर्ट यह साफ दिखाती है कि OpenAI ChatGPT और Google Gemini जैसे AI टूल्स खुद खतरा नहीं हैं, लेकिन साइबर अपराधियों द्वारा उनका गलत उपयोग बड़ा रिस्क बनता जा रहा है। खासकर क्रिप्टोकरेंसी इन्वेस्टर्स को Fake Airdrop Links, Deepfake Scams, Phishing Attacks और Fake Wallet Apps से ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है। सही Security Practices अपनाकर ही यूजर्स अपनी डिजिटल एसेट को सुरक्षित रख सकते हैं।
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