Treasure NFT NovaNFT को लेकर चर्चा तेजी से बढ़ रही है, क्योंकि दोनों प्लेटफॉर्म अब एक ही सिस्टम का हिस्सा बनते दिख रहे हैं। हाल ही में Treasure NFT ने NovaNFT पर डाटा ट्रान्सफर करने की घोषणा की थी। कि वह अपनी सभी एसेट्स को NovaNFT प्लेटफॉर्म में माइग्रेट कर रहा है। इस माइग्रेशन में यूज़र एसेट्स, विड्रॉल सिस्टम, NFTs और गेमिंग डेटा शामिल हैं।
इसका मतलब है कि आगे चलकर ट्रेजर एनएफटी अब NovaNFT के जरिए ही ऑपरेट होगा। यह बदलाव उन यूजर्स के लिए बड़ा अपडेट है जो लंबे समय से विड्रॉल और सिस्टम में देरी से परेशान थे।

Source: यह इमेज TreasureFUN के Official X Post से ली गयी है। जिसकी लिंक यहां दी गई है।
Treasure NFT पहले “Treasure Fun XYZ” ऐप पर चलता था, लेकिन माइग्रेशन के बाद अब नोवा Non-Fungible Token नया होस्ट प्लेटफॉर्म बन रहा है। यह प्लेटफॉर्म पुराने सभी फंक्शन संभालेगा। टीम का कहना है कि इस बदलाव का उद्देश्य सिस्टम को तेज़, सुरक्षित और बेहतर बनाना है।
दावा किया गया है कि नोवा Non-Fungible Token पर ट्रांजैक्शन तेज़ होंगे, सुरक्षा मजबूत होगी और रिवॉर्ड सिस्टम भी सुधरेगा। कई यूज़र्स का मानना है कि यह विड्रॉल में देरी छुपाने का एक तरीका भी हो सकता है।
Community reports और कई online discussions में Treasure NFT Scam पर Ponzi-like structure और scam-related व्यवहार के आरोप लगाए गए हैं, हालांकि कंपनी ने इन आरोपों से इंकार किया है। कुछ सोशल मीडिया रिपोर्ट्स में बड़े यूज़र लॉस का दावा किया गया है, लेकिन इन आंकड़ों की आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
ऐसे माहौल में नोवा का सामने आना कई लोगों को “रीब्रांडिंग का तरीका” लग रहा है। कुछ यूज़र्स मानते हैं कि टीम अपनी पुरानी इमेज सुधारने के लिए नया नाम इस्तेमाल कर रही है, ताकि पिछली समस्याएं पीछे छूट जाएँ।
टीम दावा करती है कि नोवा एनएफटी अलग प्रोजेक्ट है, लेकिन महत्वपूर्ण अपडेट, माइग्रेशन पोस्ट और सोशल घोषणाएँ ट्रेजर Non-Fungible Token के चैनलों से ही जारी होती हैं।
कई यूज़र्स का मानना है कि अपडेट्स दोनों प्लेटफॉर्म के official channels से आने के कारण टीमों के बीच संबंध हो सकते हैं, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
Treasure NFT – यह पुराना प्लेटफॉर्म था जो अब बदलने वाला है।
NovaNFT – NovaNFT को कई यूज़र्स Treasure NFT के rebranding या replacement के रूप में देख रहे हैं, लेकिन कंपनी ने इसे एक अलग प्रोजेक्ट के रूप में पेश किया है। कंपनी के announcements के अनुसार, Treasure NFT के कई systems और डेटा NovaNFT प्लेटफॉर्म की ओर migrate किए जा रहे हैं।
दोनों की टीम लगभग एक ही मानी जा रही है पूरा सिस्टम नोवा Non-Fungible Token में शिफ्ट हो रहा है। यह बदलाव ट्रेजर एनएफटी पर लगे आरोपों और विवादों के बाद और भी अधिक महत्वपूर्ण हो गया है।
कम्युनिटी का रिएक्शन दो हिस्सों में बंटा हुआ है।
कुछ यूज़र्स मानते हैं कि माइग्रेशन से सिस्टम तेज़ और सुरक्षित होगा। दूसरी तरफ कई यूजर्स चिंता में हैं कि कहीं Nova Non-Fungible Token भी ट्रेजर NFT की तरह वही पुरानी समस्याएँ न दोहराए, जैसे:
विड्रॉल रोकना
रिवॉर्ड की समस्या
सिस्टम डिले होना
कई लोगों का यह भी कहना है कि असली बदलाव तभी दिखेगा जब विड्रॉल और रिवॉर्ड से जुड़े मुद्दे हल होंगे।
मेरे 7 साल के Web3 और डिजिटल एसेट एनालिसिस एक्सपीरियंस के अनुसार, Treasure NFT का NovaNFT पर माइग्रेशन सिर्फ टेक्निकल बदलाव नहीं, बल्कि एक स्ट्रेटेजिक कदम भी है। ऐसी स्टेज में ट्रांसपेरेंसी सबसे अहम होती है। अगर NovaNFT स्टेबिलिटी और सुरक्षा साबित करता है, तो यह यूज़र्स का खोया हुआ भरोसा वापस ला सकता है, वरना शक और बढ़ेगा।
एनालिस्ट के अनुसार, अगर Nova Non-Fungible Token सच में बेहतर सुरक्षा और स्टेबिलिटी देता है, तो भरोसा वापसी संभव है। लेकिन अगर वही पुरानी समस्याएँ दोबारा नजर आईं, तो कम्युनिटी का विश्वास और टूट जाएगा। आने वाले दिनों में यह साफ होगा कि यह माइग्रेशन सही दिशा में उठाया गया कदम है या सिर्फ एक नया कवर।
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल केवल सूचना और रिसर्च बेस्ड कंटेंट है। इसमें बताए गए प्रोजेक्ट्स, प्लेटफॉर्म या दावों पर किसी भी प्रकार की इन्वेस्टमेंट या फाइनेंशियल सलाह नहीं दी गई है। यूज़र्स किसी भी डिसीजन से पहले स्वयं रिसर्च करें और जोखिमों को समझें।
Explore Our FAQs
Find quick answers to commonly asked questions and understand how things work around here.
Copyright 2026 All rights reserved