Coinbase Security Update: 99% से ज़्यादा एसेट्स कोल्ड स्टोरेज में
Coinbase Security Update के तहत अमेरिका की बड़ी क्रिप्टो एक्सचेंज Coinbase ने 4 नवंबर 2026 को बताया कि वह ग्राहकों की 99% से ज़्यादा क्रिप्टो संपत्ति कोल्ड स्टोरेज (इंटरनेट से कटा हुआ सुरक्षित स्टोरेज) में रखती है। कंपनी के मुताबिक Binance के हाल के हैक का उसके सिस्टम और ग्राहकों के फंड पर कोई असर नहीं पड़ा।
यह Coinbase News इसलिए अहम है कि Binance में लगभग 6.34 अरब डॉलर की संपत्ति प्रभावित हुई थी। इसके बाद कई यूज़र्स यह सवाल पूछ रहे हैं: "एक्सचेंज में रखा मेरा पैसा कितना सुरक्षित है?" इस आर्टिकल में हम आसान भाषा में समझेंगे कि Coinbase ने क्या कहा, उसकी सुरक्षा कैसे काम करती है और आम निवेशक को क्या ध्यान रखना चाहिए।
इस खबर की 3 मुख्य बातें
Coinbase का कहना है कि वह Binance की घटना से प्रभावित नहीं हुआ।
ग्राहकों की संपत्ति 1:1 रखी जाती है, यानी ग्राहक के हर एसेट के बदले उतना ही एसेट कंपनी के पास होता है। यह संपत्ति ग्राहक की ही रहती है और बिना इजाज़त उधार नहीं दी जाती।
99% वाला आँकड़ा कंपनी ने खुद बताया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक किसी स्वतंत्र संस्था ने इसके सटीक बँटवारे की पुष्टि नहीं की है।
Coinbase Security Update में कंपनी ने असल में क्या कहा?

Source : Coinbase X Account
Coinbase ने 4 नवंबर 2026 को अपने ब्लॉग पर “How Coinbase protects customer assets” नाम से पोस्ट डाली। पोस्ट की शुरुआत में ही कंपनी ने साफ़ लिखा कि Binance की रिपोर्ट की गई हॉट वॉलेट (इंटरनेट से जुड़ा वॉलेट) वाली घटना से Coinbase पर असर नहीं पड़ा। पोस्ट के मुताबिक Binance की घटना के बाद ग्राहक स्वाभाविक रूप से पूछ रहे थे कि क्या ऐसा हमला Coinbase पर भी हो सकता है।
कंपनी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी यही बात दोहराई। उसने 1:1 बैकिंग, ऑडिट हुए वित्तीय आँकड़े, चाबियों के बँटवारे और किसी एक जगह कमज़ोरी न होने का ज़िक्र किया।
अब सवाल यह है कि कोल्ड स्टोरेज और हॉट वॉलेट में फ़र्क क्या है और पैसा कहाँ रखा जाता है।
कोल्ड स्टोरेज बनाम हॉट वॉलेट: आपका पैसा कहाँ रहता है?
इसे ऐसे समझिए। हॉट वॉलेट आपकी जेब में रखे पर्स जैसा है, जिसमें रोज़ के खर्च भर का पैसा रहता है। कोल्ड स्टोरेज घर की तिजोरी जैसा है, जो इंटरनेट से जुड़ी ही नहीं होती।
Coinbase के मुताबिक वह थोड़ा हिस्सा हॉट वॉलेट में रखता है ताकि ग्राहकों की निकासी (विड्रॉल) चलती रहे। जो रकम ज़रूरत से ज़्यादा हो जाती है, उसे लगातार ऑफलाइन स्टोरेज में भेजा जाता है। यानी हॉट वॉलेट का बैलेंस ग्राहकों की जमा और निकासी की माँग के हिसाब से घटता-बढ़ता रहता है।
बड़े संस्थागत ग्राहकों के लिए Coinbase का कस्टडी वॉल्ट (संपत्ति सँभालने वाली खास तिजोरी) पूरी तरह कोल्ड स्टोरेज में चलता है।
लेकिन सिर्फ़ ऑफलाइन रखना काफ़ी नहीं होता, इसलिए Coinbase ने कुछ और परतें भी गिनाईं।
Coinbase की सुरक्षा की परतें
Decrypt की रिपोर्ट के मुताबिक Coinbase की पोस्ट में ये मुख्य बातें बताई गई हैं:
प्राइवेट की (key) के टुकड़े: कोल्ड वॉलेट की हर प्राइवेट की (वॉलेट खोलने की गुप्त चाबी) टुकड़ों में बँटी होती है। साइनिंग (लेनदेन पर डिजिटल दस्तखत) के समय भी ये टुकड़े पूरी तरह दोबारा जोड़े नहीं जाते।
रकम निकालने की सीमा: कोल्ड वॉलेट से हॉट वॉलेट में रकम कितनी तेज़ी से जा सकती है, इस पर सख़्त सीमा है।
अजीब हलचल पर रोक: निकासी में अचानक उछाल दिखे तो उसे स्टाफ़ की जाँच तक रोक लिया जाता है।
किल स्विच (गड़बड़ी दिखते ही सिस्टम रोकने वाला बटन): ज़रूरत पड़ने पर साइनिंग की चाबियाँ पूरी तरह ऑफलाइन की जा सकती हैं।
अकेला आदमी सब कुछ नहीं कर सकता: वॉलेट साइनिंग सर्विस (लेनदेन पर दस्तखत करने वाला सिस्टम) पर किसी एक कर्मचारी के पास स्थायी एक्सेस नहीं है, और संवेदनशील कामों के लिए कई लोगों की मंज़ूरी चाहिए।
फ़िशिंग मानकर चलना: कंपनी मानकर चलती है कि कर्मचारियों को फ़िशिंग (नकली संदेश भेजकर ठगी) का निशाना बनाया जाएगा। इसलिए उसके कंट्रोल ऐसे हैं कि चोरी हुआ पासवर्ड, सेशन या डिवाइस अकेले काम नहीं आ सकता।
गड़बड़ी के बाद दोबारा शुरुआत: अगर कोई सिस्टम प्रभावित हो जाए, तो जाँचकर्ताओं के सुरक्षित बताने तक वह दोबारा लेनदेन नहीं कर सकता।
Coinbase ने यह भी कहा कि AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, यानी मशीन की सोचने-समझने की क्षमता) सुरक्षा के माहौल को तेज़ी से बदल रहा है। इसलिए वह सुरक्षा में निवेश जारी रखेगा।
इन सारी बातों की पृष्ठभूमि Binance की घटना है, तो पहले उसकी स्थिति देख लेते हैं।
Binance हैक से Coinbase तक: यह Coinbase News अभी क्यों मायने रखती है?
Binance के मुताबिक 29 अक्टूबर 2026 को उसके यहाँ गंभीर सुरक्षा घटना हुई, जिसमें लगभग 6.34 अरब डॉलर की डिजिटल संपत्ति प्रभावित हुई। Decrypt के मुताबिक हमलावरों ने हॉट वॉलेट्स से रकम निकाली और FBI ने इस चोरी का आरोप नॉर्थ कोरिया के TraderTraitor ग्रुप पर लगाया है।
CNBC की रिपोर्ट के मुताबिक Binance के को-सीईओ Richard Teng ने बताया कि हैकर्स ने फर्ज़ी जॉब इंटरव्यू, मैलवेयर (नुकसान पहुँचाने वाला सॉफ़्टवेयर) और कंपनी के अंदरूनी AI टूल्स का सहारा लिया। रिपोर्ट के मुताबिक सितंबर में रिक्रूटर बनकर एक इंजीनियर के कई इंटरव्यू लिए गए, और आखिर में दिए गए कोडिंग टास्क में छिपा मैलवेयर था।
Binance का कहना है कि नुकसान की भरपाई कंपनी खुद करेगी, यूज़र्स से नहीं। उसके मुताबिक लगभग 2.85 अरब डॉलर की संपत्ति फ्रीज़ (रोकी) या इंटरसेप्ट (बीच में पकड़ी) की जा चुकी है। Decrypt के मुताबिक स्टेबलकॉइन जारी करने वाली कंपनियों ने चोरी की रकम का करीब 44% फ्रीज़ किया।
इस हैक की पूरी डिटेल और बाज़ार पर असर आप हमारी इस रिपोर्ट में पढ़ सकते हैं: Binance हैक की पूरी डिटेल। जाँच में अब तक क्या सामने आया है, यह Binance हैक की जाँच रिपोर्ट में मिलेगा।
यानी यह Coinbase Security Update किसी अकेली घोषणा की तरह नहीं, बल्कि भरोसा वापस जीतने की होड़ के बीच आया है। अब देखिए Binance इस समय कहाँ खड़ा है।
Binance की ताज़ा स्थिति: 98% रकम वापस, बाकी 2% पर काम जारी
Binance की आधिकारिक घोषणा के मुताबिक प्रभावित संपत्ति का करीब 98% वापस भर दिया गया है। बाकी 2% टोकन (डिजिटल सिक्के) कम लिक्विड हैं, यानी आसानी से नहीं मिलते। Binance उन्हें बाज़ार और ओटीसी (एक्सचेंज के बाहर सीधे होने वाला सौदा) के रास्ते खरीद रहा है।
Binance ने 4 नवंबर को प्रूफ ऑफ रिज़र्व्स (एक्सचेंज के पास असली फंड होने का सबूत) का नया स्नैपशॉट लिया, जिसमें टोकन की संख्या 10 से बढ़ाकर 44 कर दी गई। इसका पूरा ज़ीरो-नॉलेज प्रूफ (बिना डेटा दिखाए जाँच करने वाला गणितीय सबूत) बनने में 50 से 60 घंटे लगने की बात कही गई है। उसके बाद यूज़र खुद जाँच सकेंगे कि उनका बैलेंस कम से कम 1:1 बैकअप के साथ है या नहीं। निकासी सेवाएँ चरणों में दोबारा शुरू की जा रही हैं, लेकिन पूरी बहाली अभी बाकी है। Binance: 98% of Stolen Assets Backfilled, Proof-of-Reserves Snapshot Expanded to 44 Tokens +2
इन सबके बीच आम निवेशक के मन में एक ही सवाल है कि इससे उसे क्या सीखना चाहिए।
आम निवेशक इस खबर से क्या सीखें?
सबसे पहले एक बात ध्यान रखें। Coinbase का 99% वाला दावा उसका अपना बताया हुआ आँकड़ा है, और कंपनी के बाहर किसी स्वतंत्र संस्था ने सटीक बँटवारे की पुष्टि नहीं की है। इसलिए इसे कंपनी का बयान मानकर चलना सही रहेगा।
दूसरी बात, ये सुरक्षा इंतज़ाम Coinbase.com के होस्टेड अकाउंट्स पर लागू होते हैं। अगर आप अपना अलग वॉलेट इस्तेमाल करते हैं, तो उसकी चाबी की सुरक्षा आपकी अपनी ज़िम्मेदारी है।
तीसरी बात, कोल्ड स्टोरेज जोखिम घटाता है, पर खत्म नहीं करता। विश्लेषकों के मुताबिक सिर्फ़ ऑफलाइन स्टोरेज किसी वैध साइनिंग प्रक्रिया के गलत इस्तेमाल को नहीं रोक सकता, और कोई एक्सचेंज पूरी तरह कोल्ड भी नहीं चल सकता, क्योंकि निकासी के लिए हॉट वॉलेट चाहिए। इसीलिए चाबी के बँटवारे, सीमा और निगरानी जैसी बाकी परतें भी ज़रूरी हैं।
Coinbase ने खुद भी हाल में कुछ घटनाओं की जानकारी दी है। पिछले हफ़्ते उसने बताया कि एनालिटिक्स कंपनी Amplitude में हुई सुरक्षा घटना से कुछ ग्राहकों का संपर्क डेटा सामने आया, हालाँकि फंड सुरक्षित रहे। मई 2025 में उसने बताया था कि विदेशी कस्टमर सपोर्ट एजेंट्स को रिश्वत देकर कुछ ग्राहकों का निजी डेटा चुराया गया था।
नीचे की बातें सामान्य सुरक्षा सलाह हैं, Coinbase की घोषणा का हिस्सा नहीं:
हर एक्सचेंज अकाउंट पर 2FA (पासवर्ड के अलावा दूसरा कोड) चालू रखें।
नौकरी या इंटरव्यू के नाम पर आई कोई फ़ाइल या कोडिंग टास्क बिना जाँचे न चलाएँ।
सीड फ्रेज़ (वॉलेट दोबारा खोलने वाले 12 या 24 शब्द) किसी को न बताएँ।
आगे क्या? इस Coinbase Security Update के बाद किन बातों का इंतज़ार रहेगा
तीन चीज़ों पर नज़र रखना काम आएगा। पहली, Binance के ज़ीरो-नॉलेज प्रूफ का नतीजा और उसकी निकासी सेवाओं की पूरी बहाली। दूसरी, Richard Teng ने कहा है कि Binance पूरी घटना की समीक्षा के लिए स्वतंत्र विशेषज्ञ बुला रहा है, तो उसकी रिपोर्ट। तीसरी, नियमों में बदलाव। दक्षिण कोरिया के वित्तीय नियामक FSC ने Binance हैक के बाद वहाँ के एक्सचेंजों से कोल्ड वॉलेट में ज़्यादा हिस्सा रखने की अपील की है। वहाँ कानून पहले से ही कम से कम 80% ग्राहक संपत्ति कोल्ड वॉलेट में रखना ज़रूरी बनाता है।
जैसे-जैसे नई जानकारी आएगी, Coinbase News और Binance से जुड़ी अपडेट्स भी सामने आती रहेंगी।
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ़ जानकारी के लिए है, निवेश या कानूनी सलाह नहीं। क्रिप्टो में जोखिम ज़्यादा होता है, इसलिए कोई भी फैसला अपनी रिसर्च के हिसाब से लें।