Interlink Network ITLG Token: Proof of Personhood की जानकारी

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Interlink Network ITLG Token: Proof of Personhood की जानकारी

Interlink Network ITLG Token: पूरी टेक्निकल जानकारी

Interlink Network ITLG Token के बारे में जानने की उत्सुकता उन यूजर्स में बढ़ रही है, जो मोबाइल-माइनिंग क्रिप्टो मॉडल्स में दिलचस्पी रखते हैं। यह प्रोजेक्ट खुद को दुनिया का सबसे बड़ा "वेरिफाइड ह्यूमन नेटवर्क" बनाने का दावा करता है। इस रिपोर्ट में हम इसकी अंतर्निहित Proof of Personhood टेक्नोलॉजी और पूरे इकोसिस्टम की विस्तृत जानकारी देंगे।

Proof of Personhood क्या है

पारंपरिक Proof of Work या Proof of Stake कंसेंसस मॉडल्स के विपरीत, Interlink Network एक नया मॉडल इस्तेमाल करता है जिसे Proof of Personhood (PoP) कहा जाता है। इसमें हर पार्टिसिपेंट को एक यूनिक, वेरिफाइड इंसान होना जरूरी है, न कि कोई बॉट या फर्जी अकाउंट। यह मॉडल बॉट-रेजिस्टेंट, सेल्फ-सॉवरेन आइडेंटिटी सिस्टम बनाने का लक्ष्य रखता है।

ITLG Token कैसे कमाया जाता है

बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन प्रोसेस

यूजर्स फेशियल रिकग्निशन और लाइवनेस डिटेक्शन के जरिए ऑन-डिवाइस बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन से गुजरते हैं, जिसके बाद एक एन्क्रिप्टेड आइडेंटिटी हैश जनरेट होता है, जो ऑन-चेन स्टोर होता है, बिना रॉ बायोमेट्रिक डेटा को डिवाइस से बाहर भेजे।

Human Node के रूप में भागीदारी

वेरिफाइड यूजर्स "Human Node" की भूमिका निभाते हैं, जो हर चार घंटे में दोबारा वेरिफाई होकर ट्रांजैक्शन प्रोसेसिंग में भाग लेते हैं और $ITLG रिवॉर्ड्स कमाते हैं, यह एक डिस्ट्रीब्यूटेड कंसेंसस मॉडल है, न कि पारंपरिक कम्प्यूटेशनल प्रतिस्पर्धा।

Zero-Knowledge Privacy Protection

सिस्टम एडवांस्ड क्रिप्टोग्राफिक प्रूफ्स इस्तेमाल करता है, ताकि यूजर की पहचान क?? यूनिकनेस वेरिफाई हो सके, बिना उसकी पूरी गुमनामी को खतरे में डाले। इसका दावा है कि कोई भी रॉ बायोमेट्रिक डेटा यूजर के डिवाइस से बाहर कभी नहीं जाता।

ITLG और ITL: ड्यूल-टोकन मॉडल की टेक्निकल भूमिका

ITLG (Interlink Genesis Token) यूजर-फेसिंग टोकन है, जो PoP माइनिंग के जरिए कमाया जाता है और गवर्नेंस तथा रिवॉर्ड डिस्ट्रीब्यूशन में इस्तेमाल होता है। इसके विपरीत ITL एक इंस्टीट्यूशनल इंस्ट्रूमेंट है, जिसकी फिक्स्ड 10 अरब सप्लाई है। इस पूरे टोकन इकोनॉमी और लिस्टिंग स्टेटस की विस्तृत जानकारी हमारी Interlink Network Listing Date रिपोर्ट में उपलब्ध है।

Cross-Chain Identity Binding

Interlink ID को Ethereum, Solana और अन्य प्रमुख ब्लॉकचेन्स के साथ सीमलेस तरीके से जोड़ने का दावा किया गया है, जिससे यूजर्स एक ही वेरिफिकेशन प्रोसेस के साथ कई नेटवर्क्स पर अपनी "इंसानियत" प्रमाणित कर सकते हैं।

क्या यह टेक्नोलॉजी वास्तव में वेरिफाइड है

प्रोजेक्ट के दावे तकनीकी रूप से जटिल और आकर्षक हैं, लेकिन इंडिपेंडेंट कोड ऑडिट और NIST FRVT एंट्री की सार्वजनिक रूप से पुष्टि नहीं हुई है। इन्हें असत्यापित माना जाना चाहिए, जब तक ठोस स्वतंत्र प्रमाण सामने न आएं। तकनीक की वैधता के बावजूद, इसका मतलब यह नहीं कि प्रोजेक्ट की सभी बिजनेस प्रैक्टिसेज भी उतनी ही विश्वसनीय हैं।

Pi Network से समानता

Interlink Network की मोबाइल-माइनिंग मैकेनिक्स, चार घंटे की वेरिफिकेशन साइकिल और पॉइंट-टू-टोकन कन्वर्जन मॉडल, Pi Network जैसे पहले के प्रोजेक्ट्स से काफी मिलता-जुलता है। ऐसे मॉडल्स के इतिहास को समझने के लिए हमारी Pi Network Price Prediction रिपोर्ट भी पढ़ें।

निष्कर्ष

Interlink Network ITLG Token एक तकनीकी रूप से महत्वाकांक्षी Proof of Personhood मॉडल पेश करता है, जो बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के जरिए बॉट-रेजिस्टेंट नेटवर्क बनाने का दावा करता है। हालांकि इसकी कोर टेक्नोलॉजी के स्वतंत्र ऑडिट की कमी और अभी तक कोई TGE न होना, इसे एक असत्यापित, हाई रिस्क अवसर बनाते हैं। लाइव डेटा के लिए CoinMarketCap और CoinGecko पर उपलब्ध जानकारी वेरिफाई करें।

Glossary: जरूरी शब्दावली

Proof of Personhood: बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के जरिए असली इंसान होने की पुष्टि करने वाला कंसेंसस मॉडल। Liveness Detection: रियल-टाइम में यह पुष्टि करने की तकनीक कि यूजर असली, जीवित इंसान है। Zero-Knowledge Proof: बिना संवेदनशील डेटा दिखाए किसी दावे को सत्य साबित करने वाली क्रिप्टोग्राफिक तकनीक। Cross-Chain Binding: एक पहचान को कई अलग-अलग ब्लॉकचेन नेटवर्क्स से जोड़ना। Human Node: बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन से पुष्टि किया गया नेटवर्क पार्टिसिपेंट।

Disclaimer

यह लेख सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कंपनी दावों पर आधारित है और शैक्षिक उद्देश्य से प्रकाशित किया गया है, निवेश सलाह नहीं। किसी भी टोकन में निवेश से पहले अपनी पूरी रिसर्च अवश्य करें और सिर्फ आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें।

लेखक परिचय
Ronak Ghatiya Hindi News Writer

Ronak Ghatiya एक उभरते हुए क्रिप्टो कंटेंट राइटर हैं, जिनका एजुकेशन और टेक्नोलॉजी में मजबूत बैकग्राउंड रहा है। उन्होंने पिछले 6 वर्ष में फाइनेंस, ब्लॉकचेन, Web3 और डिजिटल एसेट्स जैसे विषयों पर डेटा-ड्रिवन और SEO-अनुकूल कंटेंट लिखा है, जो नए और प्रोफेशनल रीडर्स दोनों के लिए उपयोगी साबित हुआ है। रोनक की लेखनी का फोकस जटिल तकनीकी टॉपिक्स को आसान भाषा में समझाना है, जिससे क्रिप्टो स्पेस में ट्रस्ट और क्लैरिटी बनी रहे। उन्होंने CoinGabbar.com, Medium और अन्य क्रिप्टो प्लेटफ़ॉर्म्स के लिए ब्लॉग्स और न्यूज़ स्टोरीज़ लिखी हैं, जिनमें क्रिएटिविटी और रिसर्च का संतुलन होता है। रोनक की स्टाइल डिटेल-ओरिएंटेड और रिस्पॉन्सिव है, और वह तेजी से बदलते क्रिप्टो परिदृश्य में एक विश्वसनीय आवाज़ बनने की ओर अग्रसर हैं। LinkedIn पर प्रोफ़ाइल देखें या उनके आर्टिकल्स यहाँ पढ़ें।

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यह एक Proof of Personhood मॉडल पर आधारित मोबाइल-माइनेबल टोकन है, जो बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के जरिए हर यूजर के असली इंसान होने की पुष्टि करता है।
यह फेशियल रिकग्निशन और लाइवनेस डिटेक्शन के जरिए यूजर की पहचान वेरिफाई करता है, फिर एक एन्क्रिप्टेड हैश ऑन-चेन स्टोर करता है।
वेरिफाइड यूजर्स हर चार घंटे में दोबारा वेरिफाई होकर 'Human Node' के रूप में भाग लेते हैं और इसके बदले ITLG रिवॉर्ड्स कमाते हैं।
कंपनी का दावा है कि रॉ बायोमेट्रिक डेटा कभी डिवाइस से बाहर नहीं जाता, सिर्फ एन्क्रिप्टेड हैश स्टोर होता है, लेकिन स्वतंत्र ऑडिट की पुष्टि नहीं हुई है।
ITLG यूजर-फेसिंग माइनिंग टोकन है, जबकि ITL 10 अरब की फिक्स्ड सप्लाई वाला इंस्टीट्यूशनल Treasury Asset है।