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Crypto Exchange Hack History: Binance Crypto Hack सहित 11 बड़े हैक

Hindi News Writer
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Crypto Exchange Hack History: Bybit से Binance तक
Crypto Exchange Hack History: Bybit से Binance तक

क्रिप्टो की दुनिया में एक बात बार-बार सच साबित हुई है: जहाँ बहुत पैसा होता है, वहाँ चोर भी पहुँच जाते हैं। Crypto Exchange Hack History देखें तो पिछले करीब 12 सालों में एक्सचेंजों (वे प्लेटफॉर्म जहाँ क्रिप्टो खरीदा-बेचा जाता है) से अरबों डॉलर चोरी हो चुके हैं। अब 29 अक्टूबर 2026 (भारत में 30 अक्टूबर की तड़के) को इस लिस्ट में एक नया नाम जुड़ा है, जो Binance के अपने अनुमान के मुताबिक अब तक का सबसे बड़ा है: Binance Crypto Hack।

इस लेख में हम आसान भाषा में समझेंगे कि Binance में क्या हुआ, अब तक के बड़े हैक कौन-से रहे, चोरी कैसे हुई और आप अपना क्रिप्टो कैसे सुरक्षित रख सकते हैं।

Binance Crypto Hack: 29-30 अक्टूबर 2026 को क्या हुआ?

binance official x post

Source : X Post

29 अक्टूबर की शाम (UTC समय के हिसाब से करीब 20:24 बजे, यानी भारत में 30 अक्टूबर की तड़के करीब 2 बजे) ब्लॉकचेन एनालिस्ट्स (क्रिप्टो के पैसों की आवाजाही ट्रैक करने वाले जानकार) ने देखा कि Binance से जुड़े हॉट वॉलेट (इंटरनेट से जुड़ा वॉलेट, जिसमें रोज़ के लेन-देन के लिए पैसा रखा जाता है) से अरबों डॉलर एक नए पते पर जा रहे हैं। शुरुआत में अलग-अलग एनालिस्ट्स ने 3.3 बिलियन से लेकर 5.8 बिलियन डॉलर तक के आंकड़े बताए। यानी उस वक्त तक किसी को सही रकम नहीं पता थी।

फिर Binance ने अपने आधिकारिक X अकाउंट पर अपडेट दिए। उनके मुताबिक:

  • कुल असर करीब 6.3 बिलियन डॉलर का है और इसमें अनधिकृत (बिना इजाज़त के) निकासी हुई।

  • करीब 3 बिलियन डॉलर ऑन-चेन (ब्लॉकचेन पर) फ्रीज़ किए जा चुके हैं।

  • शुरुआती जाँच में कोई प्राइवेट की लीक (वॉलेट का गुप्त पासवर्ड चोरी होना) नहीं मिली।

  • शुरुआती जाँच एक DevOps इंजीनियर (वह टेक कर्मचारी जो कंपनी के सर्वर और सॉफ्टवेयर संभालता है) के हैक हुए लैपटॉप की तरफ इशारा करती है। माना जा रहा है कि हमलावर ने उसी के ज़रिए एक सर्विस तक पहुँचकर निकासी की रिक्वेस्ट भेजीं।

  • सारा नुकसान SAFU फंड (Secure Asset Fund for Users, यानी यूज़र्स की सुरक्षा के लिए अलग रखा गया इमरजेंसी फंड) और कंपनी के अपने पैसों से भरा जाएगा।

डिपॉजिट और विड्रॉल का हाल: शुरुआत में एहतियात के तौर पर डिपॉजिट और विड्रॉल (पैसा डालना और निकालना) दोनों रोके गए। बाद के अपडेट में Binance ने कहा कि डिपॉजिट सामान्य रूप से चल रहे हैं और सुरक्षा सुधार पूरे होने के बाद 48 घंटे के भीतर विड्रॉल शुरू होने की उम्मीद है। यह स्थिति तेज़ी से बदल सकती है। विड्रॉल और सर्विस की ताज़ा स्थिति के लिए हमारा यह लेख पढ़ें: Binance हैक के बाद 48 घंटे में विड्रॉल शुरू होने का सर्विस अपडेट। साथ ही सिर्फ Binance के आधिकारिक चैनल देखें।

इस बीच Tether के सीईओ Paolo Ardoino ने बताया कि उन्होंने 1.567 बिलियन डॉलर से ज़्यादा USDT फ्रीज़ किए। रिपोर्ट्स के मुताबिक Circle ने भी करीब 800 मिलियन डॉलर से ज़्यादा का USDC फ्रीज़ किया। (USDT और USDC स्टेबलकॉइन हैं, यानी ऐसे क्रिप्टो जिनकी कीमत डॉलर के बराबर बनी रहती है। इन्हें जारी करने वाली कंपनियाँ चाहें तो संदिग्ध पैसा रोक सकती हैं।) Binance.US ने साफ कहा कि उस पर इसका असर नहीं पड़ा।

हैक की खबर का असर क्रिप्टो बाज़ार पर भी दिखा। बिटकॉइन गुरुवार को 79,000 डॉलर से नीचे फिसल गया। बाज़ार में गिरावट की वजहें विस्तार से जानने के लिए पढ़ें: क्रिप्टो मार्केट क्यों गिर रहा है, Binance हैक का असर।

हैकर कौन? Binance ने अभी किसी ग्रुप का नाम नहीं लिया है। कुछ ब्लॉकचेन इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स ने उत्तर कोरिया से जुड़े बताए जाने वाले हैकर ग्रुप TraderTraitor पर शक जताया है। FBI ने Bybit हैक के लिए भी इसी ग्रुप का नाम लिया था। लेकिन Binance मामले में यह अभी सिर्फ शक है, आधिकारिक पुष्टि नहीं। इस सवाल पर अब तक की जानकारी हमारे इस लेख में है: Binance हैक किसने किया।

एक ज़रूरी बात: यह लेख लिखे जाने तक जाँच जारी है। Binance ने पूरी पोस्ट-मॉर्टम रिपोर्ट (घटना की पूरी जाँच रिपोर्ट) बाद में देने की बात कही है। साथ ही 6.3 बिलियन डॉलर "कुल असर" है। इसमें से करीब 3 बिलियन फ्रीज़ हैं, इसलिए आखिरी असली नुकसान इससे कम हो सकता है। इस घटना की पूरी डिटेल और बाज़ार पर असर के लिए पढ़ें: Binance हैक: 6.3 बिलियन डॉलर की पूरी डिटेल और क्रिप्टो मार्केट क्रैश।

Crypto Exchange Hack History: अब तक के बड़े हैक की लिस्ट

नीचे की टेबल में Binance के साथ 10 और बड़े एक्सचेंज हैक हैं। रकम अनुमानित है और घटना के समय की रिपोर्ट्स पर आधारित है।

#

एक्सचेंज

साल

चोरी की रकम (अनुमानित)

–

Binance

2026

Binance के अनुसार कुल असर ~$6.3B (जाँच जारी)

1

Bybit

2025

$1.46 बिलियन

2

Coincheck

2018

$534 मिलियन

3

Mt. Gox

2014

$450–470 मिलियन

4

FTX

2022

$415–477 मिलियन

5

DMM Bitcoin

2024

$308 मिलियन

6

KuCoin

2020

$281 मिलियन

7

WazirX

2024

$230–235 मिलियन

8

BitMart

2021

$150–196 मिलियन

9

BitGrail

2018

$170 मिलियन

10

Bitfinex

2016

$71–72 मिलियन (उस समय की कीमत)

नोट: अलग-अलग रिपोर्ट्स में आंकड़े थोड़े अलग मिलते हैं। हर हैक के नीचे बताया गया है कि कौन-सा आंकड़ा किसने दिया।

अब इन हैक की कहानी थोड़ा विस्तार से देखते हैं।

Bybit हैक (2025): Binance से पहले का सबसे बड़ा हैक

21 फरवरी 2025 को दुबई के एक्सचेंज Bybit से करीब 4 लाख ETH (Ethereum, दूसरी सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी) चोरी हुए, जिनकी कीमत करीब 1.5 बिलियन डॉलर थी। अमेरिकी जाँच एजेंसी FBI ने 26 फरवरी को आधिकारिक बयान जारी किया कि इसके पीछे उत्तर कोरिया है। FBI इस हमले को "TraderTraitor" नाम से ट्रैक करती है, जिसे आम तौर पर Lazarus Group (उत्तर कोरिया से जुड़ा बताया जाने वाला हैकर ग्रुप) भी कहा जाता है। FBI ने चोरी का पैसा घुमाने (मनी लॉन्ड्रिंग, यानी गलत तरीके से कमाए पैसे को साफ-सुथरा दिखाना) वाले Ethereum पते भी सार्वजनिक किए।

हमला कोल्ड वॉलेट (इंटरनेट से कटा हुआ सुरक्षित वॉलेट) से जुड़ी एक ट्रांज़ैक्शन पर हुआ था। Safe{Wallet} (वह प्लेटफॉर्म जिसका इस्तेमाल Bybit कर रहा था) ने बाद में बताया कि उसके एक डेवलपर (सॉफ्टवेयर बनाने वाला इंजीनियर) की मशीन से सेंध लगी थी। मतलब, ताला मज़बूत था, पर चाबी बनाने वाले के घर में चोरी हो गई।

Coincheck हैक (2018): जापान का सबक

26 जनवरी 2018 को जापानी एक्सचेंज Coincheck से 52.3 करोड़ NEM टोकन (एक क्रिप्टोकरेंसी के सिक्के) चोरी हुए, जिनकी कीमत करीब 58 अरब येन (लगभग 534 मिलियन डॉलर) थी। जापान की वित्तीय नियामक संस्था FSA ने Coincheck को "बिज़नेस इम्प्रूवमेंट ऑर्डर" जारी किया, यानी सिस्टम सुधारने का आधिकारिक आदेश। कंपनी ने ग्राहकों को करीब 90% रकम लौटाने की घोषणा की। इसी घटना के बाद जापान में एक्सचेंजों पर निगरानी काफी सख्त हो गई।

Mt. Gox हैक (2014): जिसने क्रिप्टो को हिला दिया

कभी Mt. Gox दुनिया के करीब 70% बिटकॉइन ट्रेड संभालता था। फरवरी 2014 में उसने ट्रेडिंग बंद की और दिवालिया (कर्ज़ चुकाने में नाकाम) घोषित हो गया। कंपनी ने बताया कि करीब 8.5 लाख BTC (बिटकॉइन) गायब हैं, जिनमें से लगभग 2 लाख बाद में मिल गए। उस वक्त इन 8.5 लाख बिटकॉइन की कीमत करीब 450–500 मिलियन डॉलर बताई गई थी। आज के भाव (करीब 79,000 डॉलर प्रति बिटकॉइन) पर वही बिटकॉइन 65 बिलियन डॉलर से ज़्यादा के होते।

अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने बाद में दो रूसी नागरिकों पर इस हैक के आरोप लगाए। आरोप-पत्र के अनुसार उन्होंने 2011 से 2014 के बीच कम से कम 6.47 लाख बिटकॉइन Mt. Gox के वॉलेट से निकाले।

FTX, DMM Bitcoin और KuCoin: तीन अलग तरह के हमले

FTX (2022): 11 नवंबर 2022 को FTX के दिवालिया होने के अगले ही घंटों में उसके वॉलेट से बड़ी रकम बिना इजाज़त के निकाल ली गई। FTX प्रशासकों ने करीब 413 मिलियन डॉलर के अनधिकृत ट्रांसफर बताए, जबकि ब्लॉकचेन एनालिटिक्स कंपनी Elliptic (जो क्रिप्टो के पैसों की आवाजाही पर नज़र रखती है) ने अनुमान 477 मिलियन डॉलर का लगाया।

DMM Bitcoin (2024): 31 मई 2024 को जापान के इस एक्सचेंज से 4,502.9 BTC (करीब 308 मिलियन डॉलर) निकल गए। दिसंबर 2024 में FBI, अमेरिकी रक्षा विभाग के साइबर क्राइम सेंटर (DC3) और जापान की नेशनल पुलिस एजेंसी ने मिलकर बताया कि यह भी TraderTraitor का काम था। इसकी शुरुआत सोशल इंजीनियरिंग (लोगों को बातों में फँसाकर जानकारी निकलवाना) से हुई। हैकर्स ने खुद को रिक्रूटर बताकर Ginco (वह कंपनी जो DMM के वॉलेट संभालती थी) के एक कर्मचारी से संपर्क किया था। DMM Bitcoin ने बाद में अपना कारोबार बंद करने और ग्राहकों के खाते SBI VC Trade को देने का फैसला किया।

KuCoin (2020): सितंबर 2020 में KuCoin के हॉट वॉलेट की प्राइवेट कीज़ लीक हुईं और करीब 281 मिलियन डॉलर चोरी हुए। KuCoin के अनुसार करीब 84% रकम (लगभग 239 मिलियन डॉलर) बाद में वापस मिल गई और बाकी करीब 45 मिलियन डॉलर कंपनी ने अपने इंश्योरेंस फंड से भरे।

WazirX हैक (2024): भारत के सबसे बड़े एक्सचेंज हैक में से एक

भारतीय पाठकों के लिए यह कहानी सबसे ज़रूरी है। 18 जुलाई 2024 को भारतीय एक्सचेंज WazirX ने बताया कि उसके एक मल्टीसिग वॉलेट (ऐसा वॉलेट जिसमें पैसा निकालने के लिए कई लोगों की मंज़ूरी चाहिए) से 230 मिलियन डॉलर से ज़्यादा की चोरी हुई। WazirX के अनुसार उस वॉलेट में 6 सिग्नेटरी (मंज़ूरी देने वाले) थे: 5 WazirX के और 1 Liminal का, जो वॉलेट इंफ्रास्ट्रक्चर (वॉलेट चलाने का तकनीकी ढाँचा) देने वाली कंपनी है। नुकसान WazirX के करीब 500 मिलियन डॉलर के रिज़र्व का लगभग 45% था। Liminal ने कहा कि उसका प्लेटफॉर्म हैक नहीं हुआ। Elliptic जैसी ब्लॉकचेन एनालिटिक्स कंपनियों ने इसके पीछे उत्तर कोरिया से जुड़े पैटर्न बताए, पर यह आधिकारिक सरकारी निष्कर्ष नहीं था।

BitMart, BitGrail और Bitfinex: पुराने पर ज़रूरी मामले

  • BitMart (2021): दिसंबर 2021 में दो हॉट वॉलेट की प्राइवेट की चोरी हो गई। सिक्योरिटी फर्म PeckShield ने नुकसान करीब 196 मिलियन डॉलर आंका, जबकि BitMart ने खुद करीब 150 मिलियन डॉलर बताए। कंपनी ने अपने पैसों से यूज़र्स को भरपाई का वादा किया।

  • BitGrail (2018): इटली के इस एक्सचेंज से लगभग 1.7 करोड़ NANO टोकन (एक क्रिप्टोकरेंसी के सिक्के) गायब हुए, जिनकी कीमत करीब 170 मिलियन डॉलर बताई जाती है।

  • Bitfinex (2016): यहाँ से 1,19,754 बिटकॉइन चोरी हुए, जो उस वक्त करीब 71 मिलियन डॉलर के थे। फरवरी 2022 में अमेरिकी न्याय विभाग ने इनमें से 94,000 से ज़्यादा बिटकॉइन ज़ब्त किए, जिनकी कीमत तब 3.6 बिलियन डॉलर थी। इसी मामले में पति-पत्नी Ilya Lichtenstein और Heather Morgan को मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। यह उदाहरण बताता है कि चोरी का पैसा हमेशा के लिए नहीं छुप पाता।

Crypto Exchange Hack History से हमें क्या पैटर्न दिखते हैं?

इन मामलों को साथ रखकर देखें तो कुछ बातें बार-बार दिखती हैं:

  1. कई बड़े हैक में हॉट वॉलेट निशाना बने। Binance, KuCoin और BitMart तीनों में हॉट वॉलेट से जुड़ी गड़बड़ी सामने आई। हालाँकि Bybit में कोल्ड वॉलेट से जुड़ी ट्रांज़ैक्शन पर हमला हुआ, यानी सिर्फ वॉलेट का प्रकार ही मायने नहीं रखता।

  2. कई मामलों में शुरुआत इंसानी चूक से हुई। DMM में Ginco के कर्मचारी को फर्जी रिक्रूटर ने फँसाया, Bybit में Safe{Wallet} के डेवलपर की मशीन से सेंध लगी, और Binance की शुरुआती जाँच इंजीनियर के लैपटॉप की तरफ इशारा करती है।

  3. उत्तर कोरिया से जुड़े ग्रुप बार-बार सामने आते हैं। Bybit और DMM में FBI ने खुद यह बात कही है। Binance में अभी यह सिर्फ शक है।

  4. तुरंत फ्रीज़ करने से नुकसान कम होता है। Binance मामले में Tether और Circle ने कुछ ही घंटों में अरबों डॉलर रोक लिए।

Binance Crypto Hack के बाद आम निवेशक क्या करें?

अगर आपका पैसा किसी एक्सचेंज पर है, तो घबराने के बजाय ये बातें याद रखें:

  • सिर्फ आधिकारिक चैनल पर भरोसा करें। Binance ने खुद चेताया है कि अपडेट के लिए सिर्फ उसके आधिकारिक चैनल देखें। ऐसे मौकों पर फर्जी लिंक और "रिफंड" के नाम पर स्कैम बढ़ जाते हैं।

  • सारा क्रिप्टो एक जगह न रखें। लंबे समय के लिए रखे जा रहे कॉइन को हार्डवेयर वॉलेट (USB जैसी डिवाइस जिसमें क्रिप्टो ऑफलाइन रहता है) में रखना ज़्यादा सुरक्षित माना जाता है।

  • 2FA (दो-स्तरीय सुरक्षा, यानी पासवर्ड के अलावा एक और कोड) ज़रूर चालू करें, और संभव हो तो विड्रॉल व्हाइटलिस्ट (सिर्फ पहले से तय पते पर ही पैसा निकलने देना) का इस्तेमाल करें।

  • एक्सचेंज के रिज़र्व की जानकारी देखें। Binance ने कहा है कि रिपेयर पूरी होने पर वह अपडेटेड प्रूफ ऑफ रिज़र्व (यह सबूत कि एक्सचेंज के पास ग्राहकों के पैसों के बराबर एसेट हैं) जारी करेगा।

  • डर में जल्दबाज़ी में फैसले न लें। यह जानकारी सिर्फ समझाने के लिए है, निवेश सलाह नहीं। कोई भी फैसला लेने से पहले अपनी स्थिति देखें।

निष्कर्ष

Crypto Exchange Hack History हमें एक सीधी बात सिखाती है: टेक्नोलॉजी जितनी भी मज़बूत हो, एक छोटी सी चूक (कमज़ोर कर्मचारी डिवाइस, फर्जी जॉब ऑफर, गलत वॉलेट सेटअप) अरबों डॉलर का नुकसान करा सकती है। Binance Crypto Hack ने इस सच को सबसे बड़े पैमाने पर दोहराया है। अच्छी बात यह रही कि स्टेबलकॉइन कंपनियों और एक्सचेंज ने तेज़ी से फ्रीज़ करके बड़े हिस्से को रोक लिया। फिर भी, अपने क्रिप्टो की सुरक्षा की पहली ज़िम्मेदारी आपकी अपनी है।

स्रोत : 

 यह लेख Binance, FBI, US Department of Justice और जापान FSA जैसे आधिकारिक बयानों और प्रेस विज्ञप्तियों के आधार पर लिखा गया है। जहाँ आंकड़े अलग-अलग मिले, वहाँ दोनों आंकड़े और उनके स्रोत बताए गए हैं।


Disclaimer :   यह लेख सिर्फ जानकारी और शिक्षा के उद्देश्य से लिखा गया है। इसे निवेश, वित्तीय, कानूनी या टैक्स सलाह न समझें। क्रिप्टोकरेंसी में निवेश जोखिम भरा है, इनकी कीमतें तेज़ी से बदलती हैं और पूरी रकम डूबने का खतरा भी रहता है। भारत में क्रिप्टो पर टैक्स और नियम लागू होते हैं, जो बदल भी सकते हैं। कोई भी फैसला लेने से पहले अपनी स्थिति देखें और किसी योग्य वित्तीय या टैक्स सलाहकार से सलाह लें। 

लेखक परिचय
Bharat Batwal Hindi News Writer

Bharat Batwal एक उभरते हुए क्रिप्टो कंटेंट राइटर हैं, जिनका एजुकेशन और टेक्नोलॉजी में मजबूत बैकग्राउंड रहा है। उन्होंने पिछले 6 वर्ष में फाइनेंस, ब्लॉकचेन, Web3 और डिजिटल एसेट्स जैसे विषयों पर डेटा-ड्रिवन और SEO-अनुकूल कंटेंट लिखा है, जो नए और प्रोफेशनल रीडर्स दोनों के लिए उपयोगी साबित हुआ है। Bharat Batwal की लेखनी का फोकस जटिल तकनीकी टॉपिक्स को आसान भाषा में समझाना है, जिससे क्रिप्टो स्पेस में ट्रस्ट और क्लैरिटी बनी रहे। उन्होंने CoinGabbar.com, Medium और अन्य क्रिप्टो प्लेटफ़ॉर्म्स के लिए ब्लॉग्स और न्यूज़ स्टोरीज़ लिखी हैं, जिनमें क्रिएटिविटी और रिसर्च का संतुलन होता है। Bharat Batwal की स्टाइल डिटेल-ओरिएंटेड और रिस्पॉन्सिव है, और वह तेजी से बदलते क्रिप्टो परिदृश्य में एक विश्वसनीय आवाज़ बनने की ओर अग्रसर हैं। LinkedIn पर प्रोफ़ाइल देखें या उनके आर्टिकल्स यहाँ पढ़ें।

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