Zetachain News: ZETA का Solana पर माइग्रेशन, 99.4% मंजूरी
ZetaChain के लिए सितंबर 2026 का दिन एक बड़े बदलाव की शुरुआत लेकर आया है। प्रोजेक्ट के टोकनहोल्डर्स ने Proposal 68 को 99.4% वोट के साथ मंजूरी दे दी है, जिसके तहत ZetaChain (ZETA) के मौजूदा Layer-1 नेटवर्क को धीरे-धीरे बंद किया जाएगा और native ZETA टोकन को Solana पर नए SPL टोकन के रूप में माइग्रेट किया जाएगा। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि ZetaChain अभी तुरंत बंद हो गया है। माइग्रेशन की सही तारीख, टोकन स्नैपशॉट, क्लेम प्रोसेस और नेटवर्क शटडाउन की टाइमलाइन तय करने के लिए अभी एक और गवर्नेंस वोट होना बाकी है।
यह फैसला इसलिए भी अहम है, क्योंकि प्रोजेक्ट ने अब अपना फोकस खुद का Layer-1 नेटवर्क चलाने से हटाकर Solana इकोसिस्टम और अपने प्राइवेट AI एप्लिकेशन Anuma पर केंद्रित करने का फैसला किया है। ऐसे में आज का Zetachain News सिर्फ ZETA टोकन के नेटवर्क बदलने की खबर नहीं है, बल्कि प्रोजेक्ट के पूरे इंफ्रास्ट्रक्चर और डेवलपमेंट स्ट्रैटेजी में बदलाव से जुड़ा मामला है।

Source: X Post
ZetaChain Proposal 68 को 99.4% वोट क्यों मिला?
ZetaChain के Proposal 68 पर 72 घंटे तक वोटिंग हुई, जो 20 सितंबर 2026 को पूरी हुई। वोटिंग के दौरान 99.4% वोट प्रस्ताव के पक्ष में पड़े, जबकि 0.3% वोट इसके खिलाफ और 0.3% वोट एब्स्टेन रहे। कुल वोटिंग भागीदारी करीब 58% रही, जो प्रस्ताव को वैध बनाने के लिए जरूरी 40% कोरम से काफी ऊपर थी।
इस प्रस्ताव का मुख्य उद्देश्य ZetaChain के स्वतंत्र Layer-1 नेटवर्क को धीरे-धीरे बंद करना और native ZETA को Solana पर माइग्रेट करना है। यानी कम्युनिटी ने यह तय किया है कि इसे अपना अलग ब्लॉकचेन इंफ्रास्ट्रक्चर चलाने के बजाय Solana के मौजूदा इकोसिस्टम का इस्तेमाल करना चाहिए।
यहां एक बात समझना जरूरी है कि 99.4% वोट मिलने के बावजूद नेटवर्क उसी समय बंद नहीं हुआ है। Proposal 68 ने माइग्रेशन की दिशा को मंजूरी दी है, जबकि इसे वास्तव में लागू करने के लिए कुछ और टेक्निकल और गवर्नेंस स्टेप्स पूरे किए जाने बाकी हैं। यही अगला चरण ZETA होल्डर्स के लिए सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होगा।
ZETA का Solana पर माइग्रेशन कैसे होगा?
स्वीकृत प्लान के मुताबिक, ZetaChain Layer-1 पर मौजूद native ZETA को Solana पर नए SPL टोकन में 1:1 अनुपात में बदला जाएगा। टोकन का टिकर ZETA ही रहेगा और माइग्रेशन के लिए नए टोकन मिंट करके कुल सप्लाई बढ़ाने की योजना नहीं है।
मौजूदा वेस्टिंग शेड्यूल को भी बनाए रखने की योजना है। इसका मतलब है कि जिन ZETA टोकन्स पर पहले से लॉक या वेस्टिंग शर्तें लागू हैं, उनके लिए माइग्रेशन के बाद भी वही शेड्यूल जारी रखने का प्लान है।
हालांकि, टोकन के डेसिमल में बदलाव होगा। ZetaChain पर native ZETA में 18 डेसिमल हैं, जबकि Solana के SPL टोकन सिस्टम के अनुसार नए ZETA में 9 डेसिमल होंगे। इसलिए कन्वर्जन के दौरान 9 डेसिमल से नीचे आने वाली छोटी मात्रा को राउंड डाउन किया जा सकता है।
यहां एक और जरूरी अंतर है। Ethereum और BNB Chain पर मौजूद ZETA इस माइग्रेशन के दायरे में शामिल नहीं हैं। प्रस्ताव मुख्य रूप से ZetaChain के अपने Layer-1 पर मौजूद native ZETA को Solana पर माइग्रेट करने से जुड़ा है।
इसलिए अभी ZETA होल्डर्स के लिए सबसे जरूरी बात यह है कि वे किसी अनऑफिशियल माइग्रेशन या ब्रिज का इस्तेमाल करने के बजाय आधिकारिक निर्देशों का इंतजार करें, क्योंकि अंतिम क्लेम और कन्वर्जन प्रोसेस अभी तय होना बाकी है।
ZetaChain अभी बंद क्यों नहीं हुआ?
Proposal 68 पास होने के बाद भी ZetaChain का Layer-1 तुरंत बंद नहीं किया गया है। इसका कारण यह है कि मौजूदा प्रस्ताव ने मुख्य रूप से नेटवर्क को बंद करने और ZETA को Solana पर माइग्रेट करने की दिशा को मंजूरी दी है।
अब एक दूसरा गवर्नेंस प्रस्ताव लाया जाना है, जिसमें माइग्रेशन से जुड़ी जरूरी टेक्निकल डिटेल्स तय की जाएंगी। इसमें टोकन स्नैपशॉट के लिए ब्लॉक हाइट, क्लेम प्रोसेस, एक्सचेंज कोऑर्डिनेशन, विदड्रॉल विंडो और Layer-1 के अंतिम शटडाउन की टाइमलाइन शामिल हो सकती है।
जब तक यह अगला चरण पूरा नहीं होता, मौजूदा ZetaChain नेटवर्क, स्टेकिंग और वैलिडेटर सिस्टम के सामान्य रूप से चलते रहने की उम्मीद है।
इसका मतलब साफ है कि ZetaChain आज से बंद नहीं हुआ है और ZETA का माइग्रेशन भी अभी पूरा नहीं हुआ है। फिलहाल कम्युनिटी ने सिर्फ उस दिशा को मंजूरी दी है, जिस पर आगे काम किया जाएगा।
अब सवाल उठता है कि ZetaChain ने अपने Layer-1 को जारी रखने के बजाय Solana को ही क्यों चुना।
ZetaChain ने Solana को क्यों चुना?
ZetaChain के इस बदलाव के पीछे सबसे बड़ा कारण उसका प्राइवेट AI एप्लिकेशन Anuma है। प्रोजेक्ट ने 2026 में Anuma को लॉन्च किया था और उसके अनुसार इस एप्लिकेशन ने 3 लाख से ज्यादा यूजर्स और 10 लाख से ज्यादा AI रिक्वेस्ट का आंकड़ा पार किया है।
ZetaChain के योगदानकर्ताओं का मानना है कि Anuma को आगे बढ़ाने के लिए खुद का पूरा Layer-1 नेटवर्क चलाना जरूरी नहीं है। इसके बजाय Solana के हाई-थ्रूपुट इंफ्रास्ट्रक्चर, लिक्विडिटी और बढ़ते AI-एजेंट इकोसिस्टम का इस्तेमाल किया जा सकता है।
एक अलग Layer-1 को चलाने के लिए वैलिडेटर नेटवर्क, नेटवर्क सिक्योरिटी, सॉफ्टवेयर अपडेट और लगातार इंफ्रास्ट्रक्चर सपोर्ट की जरूरत होती है। ZetaChain अब इन संसाधनों को अपने Layer-1 को बनाए रखने के बजाय Anuma और AI से जुड़े प्रोडक्ट्स पर लगाने की दिशा में बढ़ रहा है।
यानी यह फैसला सिर्फ ब्लॉकचेन बदलने का नहीं है। ZetaChain अपनी पहचान को स्वतंत्र Layer-1 नेटवर्क से AI-केंद्रित एप्लिकेशन इकोसिस्टम की तरफ ले जाने की कोशिश कर रहा है।
Anuma के साथ ZETA की भूमिका क्या होगी?
Solana पर माइग्रेशन के बाद Anuma को Solana इकोसिस्टम में एक native एप्लिकेशन के रूप में आगे बढ़ाने की योजना है। वहीं ZETA टोकन का इस्तेमाल Anuma से जुड़ी एक्सेस और यूटिलिटी के लिए किया जाएगा।
प्रोजेक्ट के अनुसार, Anuma ने 2026 में 3 लाख से ज्यादा यूजर्स हासिल किए हैं और अलग-अलग AI मॉडल्स के साथ 10 लाख से अधिक रिक्वेस्ट प्रोसेस की हैं। हालांकि, ये आंकड़े प्रोजेक्ट की ओर से बताए गए हैं, इसलिए इन्हें स्वतंत्र ऑडिट किए गए यूजर आंकड़ों के बजाय प्रोजेक्ट-रिपोर्टेड डेटा के रूप में देखना चाहिए।
Anuma का फोकस प्राइवेट और एन्क्रिप्टेड AI इस्तेमाल पर है, जहां यूजर की जानकारी को अलग-अलग AI मॉडल्स और एप्लिकेशन्स के बीच इस्तेमाल करने के लिए डिजाइन किया गया है। ऐसे में ZETA की उपयोगिता भी धीरे-धीरे बदल सकती है।
पहले ZETA की उपयोगिता ZetaChain के Layer-1 और क्रॉस-चेन इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी थी, जबकि आगे इसका इस्तेमाल Solana पर बने एप्लिकेशन्स और खास तौर पर Anuma से जुड़े फीचर्स के साथ ज्यादा हो सकता है।
ZETA Holders के लिए इसका क्या मतलब है?
ZETA होल्डर्स के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अभी उन्हें माइग्रेशन को लेकर कोई तत्काल मैनुअल एक्शन लेने की जरूरत नहीं है। Proposal 68 पास हो चुका है, लेकिन टोकन माइग्रेशन की अंतिम तारीख और क्लेम प्रोसेस अभी तय नहीं हुआ है।
अभी तक सामने आई योजना के अनुसार प्रमुख बदलाव इस तरह समझे जा सकते हैं:
1:1 कन्वर्जन: ZetaChain के native ZETA को Solana के ZETA में 1:1 अनुपात में बदलने की योजना है।
टिकर वही रहेगा: Solana पर माइग्रेट होने के बाद भी टोकन का टिकर ZETA रहेगा।
कुल सप्लाई नहीं बढ़ेगी: माइग्रेशन के लिए अतिरिक्त ZETA मिंट करने की योजना नहीं है।
वेस्टिंग जारी रहेगी: मौजूदा वेस्टिंग शेड्यूल को बनाए रखने का प्लान है।
डेसिमल बदलेंगे: ZetaChain के 18 डेसिमल वाले ZETA से Solana के 9 डेसिमल वाले SPL टोकन में बदलाव होगा।
Ethereum और BNB Chain अलग रहेंगे: इन नेटवर्क्स पर मौजूद ZETA इस खास माइग्रेशन के दायरे में नहीं है।
हालांकि, इन सभी बिंदुओं के बावजूद अंतिम टेक्निकल निर्देश दूसरे गवर्नेंस प्रस्ताव के बाद ही स्पष्ट होंगे। इसलिए ZETA होल्डर्स के लिए आधिकारिक अपडेट पर नजर रखना सबसे जरूरी होगा।
ZetaChain News: अब आगे क्या होगा?
अब ZetaChain के सामने सबसे बड़ा काम इस फैसले को वास्तव में लागू करना है। 99.4% वोट के बाद माइग्रेशन की दिशा साफ हो गई है, लेकिन इसके बाद स्नैपशॉट, क्लेम सिस्टम, एक्सचेंज कोऑर्डिनेशन और Layer-1 शटडाउन जैसे कई स्टेप्स पूरे करने होंगे।
अगले गवर्नेंस प्रस्ताव में यह तय किया जा सकता है कि किस ब्लॉक पर ZETA बैलेंस का स्नैपशॉट लिया जाएगा, यूजर्स अपने नए Solana-based ZETA को कैसे क्लेम करेंगे और पुराने Layer-1 को किस तारीख या ब्लॉक पर बंद किया जाएगा।
इसके साथ ही एक्सचेंज्स और दूसरे इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोवाइडर्स के साथ कोऑर्डिनेशन भी जरूरी होगा, ताकि माइग्रेशन के दौरान ट्रेडिंग, डिपॉजिट और विदड्रॉल से जुड़े ऑपरेशन्स में समस्या न आए।
इसलिए मौजूदा Zetachain News को समझने का सही तरीका यह है कि ZetaChain ने Layer-1 बंद करने और ZETA को Solana पर माइग्रेट करने का फैसला मंजूर कर लिया है, लेकिन नेटवर्क अभी बंद नहीं हुआ है और माइग्रेशन की अंतिम प्रक्रिया अभी बाकी है।
Final Remark
ZetaChain का Proposal 68 प्रोजेक्ट की दिशा में एक बड़ा बदलाव दिखाता है। 99.4% वोट के साथ टोकनहोल्डर्स ने अपने स्वतंत्र Layer-1 को धीरे-धीरे बंद करने और ZETA को Solana पर माइग्रेट करने के प्लान को मंजूरी दी है।
अब प्रोजेक्ट का फोकस अपने Layer-1 इंफ्रास्ट्रक्चर को बनाए रखने के बजाय Solana इकोसिस्टम और Anuma जैसे प्राइवेट AI प्रोडक्ट्स पर ज्यादा रहने वाला है। हालांकि, यह ट्रांज़िशन अभी पूरा नहीं हुआ है और अगला गवर्नेंस प्रस्ताव इसकी वास्तविक टाइमलाइन और टेक्निकल प्रोसेस को स्पष्ट करेगा।
ZETA होल्डर्स के लिए इसलिए सबसे अहम अपडेट अगला गवर्नेंस प्रस्ताव होगा, क्योंकि उसी के बाद यह साफ होगा कि माइग्रेशन कब शुरू होगा, टोकन कैसे क्लेम किए जाएंगे और ZetaChain Layer-1 आखिर किस समय पूरी तरह बंद होगा।
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डिस्क्लेमर: यह लेख केवल शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है और इसे निवेश सलाह नहीं माना जाना चाहिए। Cryptocurrency में निवेश बाज़ार जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले अपना खुद का रिसर्च करें।